
गैरसैंण में लगती है ठंड, होती है ऑक्सीजन की कमी, भाजपा विधायक दलीप रावत ने सत्र से पहले जताई आपत्ति
देहरादून : उत्तराखंड में ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण (चमोली जिला) के भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा भवन में आगामी बजट सत्र 9 मार्च से 13 मार्च 2026 तक आयोजित होगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी 11 मार्च को वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट सदन में पेश करेंगे। यह सत्र पांच दिवसीय होगा, जिसमें 9 मार्च को राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) का अभिभाषण, 11 मार्च को बजट प्रस्तुति और उसके बाद बजट पर चर्चा तथा अनुदान मांगों पर मतदान शामिल है।
विधानसभा सचिवालय ने सत्र की तैयारियां शुरू कर दी हैं, और सरकार ने इसकी आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है। यह भराड़ीसैंण में बजट सत्र का एक महत्वपूर्ण आयोजन है, जो राज्य की पहाड़ी क्षेत्रों के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
भाजपा विधायक महंत दिलीप रावत
हालांकि, सत्र से पहले गैरसैंण विधानसभा स्थल के चयन को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। बीजेपी के लैंसडाउन से विधायक महंत दिलीप सिंह रावत ने खुलकर विरोध जताया है। उन्होंने दावा किया कि भराड़ीसैंण में विधानसभा भवन का निर्माण सही स्थान पर नहीं हुआ है। उनके अनुसार:
स्थान की ऊंचाई के कारण ऑक्सीजन की कमी रहती है।अत्यधिक बर्फबारी और ठंड के चलते विधायकों, कर्मचारियों और अन्य लोगों को परेशानी होती है।व्यवस्थाओं में दिक्कतें आती हैं, जिससे सत्र के दौरान कामकाज प्रभावित होता है।
रावत ने कहा कि स्थल चयन से पहले इन चुनौतियों का पर्याप्त मूल्यांकन नहीं किया गया। इस मुद्दे पर सचिवालय कर्मचारियों के संघ और कांग्रेस ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है, जिससे बहस और गहरा गई है।
पहले भी गैरसैंण सत्रों को लेकर अक्सर शिकायतें आती रही हैं कि नेता और विधायक यहां लंबे समय तक नहीं रुकना चाहते, जिससे सत्र छोटा रखने के आरोप लगते हैं। इस बार बीजेपी विधायक के बयान से स्थल के स्थायित्व पर ही सवाल खड़े हो गए हैं।



