13 Jun 2026, Sat

पश्चिम बंगाल में जाली हस्ताक्षर मामले की जांच, सीआईडी ममता बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पहुंची

खबर शेयर करें-

पश्चिम बंगाल में जाली हस्ताक्षर मामले की जांच, सीआईडी ममता बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पहुंची

 

जाली हस्ताक्षर मामले की जांच के सिलसिले में सीआईडी ममता के कालीघाट स्थित आवास पहुंची.

 

कोलकाता: पश्चिम बंगाल के अपराध जांच विभाग (सीआईडी) की एक टीम विधायकों के कथित जाली हस्ताक्षर मामले की जांच के सिलसिले में मंगलवार को कोलकाता के कालीघाट इलाके में तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के आवास पहुंची, जो पार्टी का केंद्रीय कार्यालय भी है.

 

सूत्रों के मुताबिक, सीआईडी टीम परिसर के सुरक्षाकर्मियों और पार्टी के एक नेता से संक्षिप्त बहस के बाद उसके अंदर दाखिल हुई और तलाशी शुरू की. सूत्रों ने बताया कि सीआईडी अधिकारी कालीघाट पुलिस थाने की एक टीम और महिला पुलिस कर्मियों के साथ दोपहर में तृणमूल कांग्रेस के 30बी हरीश चटर्जी मार्ग स्थित केंद्रीय कार्यालय पहुंचे.

 

सीआईडी ने इससे पहले विपक्ष के नेता के रूप में शोभनदेब चट्टोपाध्याय को नामित किए जाने के लिए विधानसभा अध्यक्ष को सौंपे गए प्रस्ताव पर तृणमूल कांग्रेस के कुछ विधायकों के कथित तौर पर जाली हस्ताक्षर किए जाने से जुड़े मामले के सिलसिले में जानकारी मांगते हुए पार्टी नेताओं को नोटिस जारी किए थे.

 

मौके पर मौजूद सीआईडी अधिकारियों ने बताया कि तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी की ओर से नोटिस को लेकर दिए गए जवाब के आधार पर परिसर की तलाशी लेने की अनुमति देने का अनुरोध किया गया था.

 

सीआईडी के एक अधिकारी ने बताया, “अभिषेक बनर्जी ने अपने जवाब में कहा कि विधायकों के हस्ताक्षर पार्टी के 30बी हरीश चटर्जी मार्ग स्थित केंद्रीय कार्यालय में लिए गए थे. इसी बयान के आधार पर हम जांच के सिलसिले में यहां आए हैं.” अभिषेक फिलहाल ममता के साथ दिल्ली में हैं. सीआईडी ने उन्हें मामले के सिलसिले में मंगलवार को शाम पांच बजे तक उसके समक्ष पेश होने के लिए समन जारी किया था.

 

सूत्रों के अनुसार, शुरुआत में जांच टीम को परिसर में प्रवेश करने की इजाजत नहीं दी गई, जिसके चलते कार्यालय के बाहर मौजूद सुरक्षाकर्मियों के साथ उसकी संक्षिप्त बहस हुई. तृणमूल कांग्रेस के पूर्व सांसद शुभाशीष चक्रवर्ती ने संवाददाताओं से कहा कि पार्टी ने अभिषेक बनर्जी की गैरमौजूदगी में तलाशी का विरोध किया.

 

उन्होंने कहा, “हमने अभिषेक बनर्जी की गैरमौजूदगी में सीआईडी को परिसर में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी. उनके (अभिषेक) आने के बाद सीआईडी परिसर की तलाशी ले सकती है.” हालांकि, सूत्रों ने बताया कि दोपहर बाद स्थिति बदल गई, जब सीआईडी ने पुलिस की एक बड़ी टुकड़ी को बुलाया और वहां तैनात सुरक्षाकर्मियों के हल्के प्रतिरोध के बावजूद परिसर में प्रवेश किया.