20 Oct 2026, Tue

UOU के रुद्रपुर अध्ययन केंद्र में इंडक्शन कार्यक्रम संपन्न, कुलपति बोले-दूरस्थ शिक्षा ही उच्च शिक्षा का भविष्य

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हल्द्वानी: UOU के रुद्रपुर अध्ययन केंद्र में इंडक्शन कार्यक्रम संपन्न, कुलपति बोले-दूरस्थ शिक्षा ही उच्च शिक्षा का भविष्य

 

 

हल्द्वानी। उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय (UOU) के रुद्रपुर अध्ययन केंद्र में रविवार को इंडक्शन (प्रेरण) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहानी रहे। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि दूरस्थ शिक्षा ही उच्च शिक्षा एवं समग्र शिक्षा का भविष्य है।

 

कार्यक्रम का उद्देश्य दूरस्थ शिक्षा से जुड़े छात्र-छात्राओं को शिक्षा, अनुशासन और जीवन मूल्यों के प्रति प्रेरित करना तथा विश्वविद्यालय के पाठ्यक्रमों और नियमों से अवगत कराना था। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिससे वातावरण ज्ञान और सकारात्मक ऊर्जा से भर गया।

 

अपने संबोधन में कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहानी ने कहा कि उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय अपने विद्यार्थियों की बेहतरी के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। उन्होंने जानकारी दी कि आगामी समय में विश्वविद्यालय द्वारा कई नए और उपयोगी पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे, जिससे विद्यार्थियों को रोजगारोन्मुखी और समसामयिक शिक्षा मिल सके। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी छात्र को यदि कोई समस्या या आवश्यकता हो तो वह सीधे कुलपति कार्यालय के ई-मेल के माध्यम से संपर्क कर सकता है। विश्वविद्यालय प्रशासन समस्याओं के समाधान के लिए सदैव तत्पर है।

 

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य प्रो. ए. एन. सिंह ने दूरस्थ शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला और विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन व आत्मअनुशासन अपनाने की सलाह दी।

 

अध्ययन केंद्र के समन्वयक प्रो. मनोज पांडे ने केंद्र की शैक्षणिक गतिविधियों और व्यवस्थाओं की जानकारी देते हुए बताया कि रुद्रपुर अध्ययन केंद्र में शनिवार और रविवार को काउंसलिंग की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने विद्यार्थियों से विश्वविद्यालय द्वारा उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम लाभ उठाने का आग्रह किया।

 

इस अवसर पर सहायक क्षेत्रीय निदेशक श्रीमती रेखा बिष्ट ने विश्वविद्यालय की शैक्षणिक योजनाओं, कार्यकलापों और छात्र कल्याण कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी। महाविद्यालय के मुख्य शास्ता प्रो. सर्वजीत सिंह ने कहा कि दूरस्थ शिक्षा केवल एक वैकल्पिक व्यवस्था नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता और आजीवन सीखने का प्रभावी माध्यम है।

 

वाणिज्य संकाय के विभागाध्यक्ष प्रो. भरत सिंह ने विद्यार्थियों को सफलता के लिए निरंतर अभ्यास, अनुशासन और सकारात्मक सोच को मूल मंत्र बताया। कार्यक्रम के अंत में सह-समन्वयक डॉ. अपर्णा सिंह ने सभी अतिथियों, शिक्षकों और छात्र-छात्राओं का आभार व्यक्त किया।

 

कार्यक्रम में प्रो. दीपा वर्मा, डॉ. दिशा, डॉ. राजेश, नीरज राणा, दीपांकर, छात्र संघ अध्यक्ष रजत बिष्ट सहित उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय अध्ययन केंद्र रुद्रपुर के लगभग 200 छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

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